हौले से मुस्काना।

हौले से मुस्कना।  

अधरों का हौले से कंपन
धीरे से सब कह जाना
याद मुझे अब भी है तेरा
वो हौले से मुस्काना।।

कितनी प्यारी बातें तेरी
अरु दूर क्षितिज तक जाना
अब भी याद मुझे है तेरा
हँसना दिल को बहलाना।।

नैनों से बातें करना अरु
कहे बिना सब कह जाना
याद मुझे अब भी है तेरा
वो हौले से मुस्काना।।

हमने अपनी हर साँसों में
बस तुमको ही पाया है
जब भी तेरा जिक्र हुआ है
तकिया गले लगाया है।।

प्यारी प्यारी बातें तेरी
और तेरा वो शर्माना
याद मुझे अब भी है तेरा
वो हौले से मुस्काना।।

©️✍️अजय कुमार पाण्डेय
        हैदराबाद
        20अगस्त, 2021

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